रांची के दो बड़े रियल एस्टेट समूह आयकर विभाग के रडार पर, 200 करोड़ की अघोषित आय और 80 करोड़ की टैक्स चोरी का खुलासा
Two major real estate groups from Ranchi
रांची। Two major real estate groups from Ranchi, आयकर विभाग की रांची के दो बड़े रियल इस्टेट कारोबारी पानस रियल्टर्स व दयानंद मोदी समूह के विरुद्ध सर्वे का कार्य पूरा हो चुका है। आयकर विभाग ने सर्वे के दौरान दोनों ही समूह के विरुद्ध 200 करोड़ की अघोषित आय अर्जित करने की जानकारी जुटाई है।
यह भी पता लगाया है कि जमीन मालिक व बिल्डर ने मिलकर बड़े पैमाने पर टैक्स की चोरी की है। जमीन मालिक व बिल्डर ने ज्वाइंट डेवलपमेंट एग्रिमेंट टैक्स के रूप में करीब 80 करोड़ रुपये की टैक्स की चोरी की है।
आयकर अधिनियम के तहत जमीन मालिक व बिल्डर के बीच कन्वर्जन को लेकर एग्रिमेंट बनता है। अगर जमीन मालिक कंपनी है तो एग्रिमेंट के साथ ही उसे तत्काल उसी वक्त कर का भुगतान करना होता है।
भले ही बिल्डिंग का निर्माण शुरू हो या न हो। सर्वे में इस अधिनियम के उल्लंघन का खुलासा हुआ है। इस मद में करीब 80 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी सामने आई है, जिसकी वसूली के लिए आयकर विभाग अब कानूनी कार्रवाई करेगा।
आयकर विभाग ने सर्वे के दौरान दोनों ही समूह से जुड़े ठिकानों से वित्तीय लेन-देन से जुड़े दस्तावेज, डिजिटल साक्ष्य आदि को जब्त किया था, जिसका सत्यापन कार्य भी लगभग पूरा हो चुका है।
अब कर के साथ-साथ जुर्माना वसूली आदि की प्रक्रिया भी पूरी होगी। जांच में यह भी जानकारी मिली है कि दोनों ही समूह ने बिना वैध दस्तावेज के रांची में काम किया है। भुगतान नकदी में किए गए, जिसका पक्का ब्यौरा नहीं मिला। इन बिल्डर्स से फ्लैट खरीदने वालों ने भी अधिकांश राशि नकदी में दी है। ऐसे फ्लैट संचालकों से भी आयकर विभाग पूछताछ करेगा।
आयकर अनुसंधान शाखा ने तीन दिनों तक खंगाले आरोपितों के ठिकाने
आयकर विभाग की अनुसंधान शाखा ने बुधवार को ही उपरोक्त दोनों बिल्डरों के ठिकानों पर सर्वे शुरू किया था। जिनके विरुद्ध आयकर अनुसंधान शाखा ने सर्वे किया था, उनमें नारायण प्रसाद जालान के निर्देशन में संचालित पानस रियल्टर्स व दयानंद मोदी की संयुक्त परियोजना महिला महाविद्यालय के सामने स्थित पनास 99, दयानंद मोदी की लालपुर-कोकर रोड स्थित रोजवुड अपार्टमेंट व रातू रोड स्थित मोदी हाइट्स शामिल हैं।